केंद्र सरकार ने आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत 70 वर्ष और उससे अधिक उम्र के सभी वरिष्ठ नागरिकों को शामिल कर बड़ा कदम उठाया है। इसके बाद खासकर संयुक्त परिवारों में रहने वाले लोगों के बीच यह सवाल उठ रहा है कि आखिर कुल हेल्थ कवर कितना मिलेगा और क्या दादा दादी और नाना नानी दोनों होने पर कवर बढ़ जाता है। इस रिपोर्ट में पूरे नियम आसान भाषा में समझाए जा रहे हैं।
आयुष्मान भारत योजना क्या है
PM JAY देश की सबसे बड़ी सरकारी स्वास्थ्य बीमा योजना है। इसके तहत पात्र परिवारों को हर साल गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए आर्थिक सुरक्षा दी जाती है।
मुख्य बातें
प्रति परिवार प्रति वर्ष 5 लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज
सरकारी और सूचीबद्ध निजी अस्पतालों में सुविधा
उम्र और परिवार के सदस्यों की संख्या की कोई सीमा नहीं
स्वास्थ्य नीति विशेषज्ञों के अनुसार, इस योजना ने पिछले कुछ वर्षों में लाखों परिवारों का इलाज खर्च कम किया है।
70 प्लस वरिष्ठ नागरिकों को क्या नया लाभ मिला
अक्टूबर 2024 से सरकार ने 70 वर्ष और उससे अधिक उम्र के सभी नागरिकों को योजना के दायरे में शामिल किया। यह सुविधा आयुष्मान वय वंदना योजना के रूप में लागू की गई।
इसके तहत
परिवार में मौजूद सभी 70 प्लस बुजुर्गों के लिए अलग से 5 लाख रुपये का टॉप अप कवर
यह राशि पहले से मिलने वाले फैमिली कवर के अतिरिक्त होती है
क्या संयुक्त परिवार को 15 लाख रुपये का कवर मिलता है
यह सबसे आम और सबसे बड़ा भ्रम है। अगर एक ही घर में
दादा दादी
नाना नानी
और सभी की उम्र 70 वर्ष से अधिक है, तब भी 15 लाख रुपये का कवर नहीं मिलता।
आधिकारिक आयुष्मान भारत पोर्टल के अनुसार, वरिष्ठ नागरिकों का अतिरिक्त कवर भी पूरे परिवार के लिए साझा होता है।
फैमिली यूनिट में कवर कैसे जुड़ता है
अगर सभी सदस्य एक ही फैमिली यूनिट में आते हैं, तो कवर इस तरह बनता है
5 लाख रुपये सामान्य PM JAY फैमिली कवर
5 लाख रुपये 70 प्लस वरिष्ठ नागरिकों का अतिरिक्त कवर
कुल अधिकतम कवर 10 लाख रुपये प्रति वर्ष
यह राशि परिवार के सभी पात्र सदस्यों के बीच साझा रहती है।
दोनों तरफ के बुजुर्ग साथ रहने पर नियम
कई लोग सोचते हैं कि दो अलग अलग सेट के बुजुर्गों पर दो अलग कवर मिलेंगे। लेकिन ऐसा नहीं है।
ध्यान रखने योग्य बातें
सीनियर सिटीजन कवर प्रति व्यक्ति नहीं होता
यह पूरा परिवार मिलकर उपयोग करता है
दादा दादी और नाना नानी होने से राशि नहीं बढ़ती
वरिष्ठ नागरिकों के लिए जरूरी शर्तें
70 साल से ऊपर के बुजुर्ग निजी हेल्थ इंश्योरेंस या ESIC में होने पर भी पात्र हैं
CGHS वाले रिटायर्ड सरकारी कर्मचारियों को CGHS या PM JAY में से एक चुनना होगा
एक बार CGHS छोड़कर PM JAY चुनने के बाद बदलाव संभव नहीं
अलग से नया रजिस्ट्रेशन जरूरी नहीं
परिवार के मौजूदा कार्ड में Add Member विकल्प से नाम जोड़ा जा सकता है
हर वरिष्ठ नागरिक को अलग आयुष्मान कार्ड जारी किया जाता है
आवेदन कैसे करें
आधिकारिक आयुष्मान भारत पोर्टल
आयुष्मान मोबाइल ऐप
नजदीकी CSC केंद्र
डिजिटल हेल्थ एक्सपर्ट्स के मुताबिक, ऑनलाइन प्रक्रिया से बुजुर्गों को लाइन और दलालों से राहत मिली है।
गलतफहमी के कारण लोग इलाज के समय गलत उम्मीद लेकर चलते हैं। स्पष्ट नियम जानने से
सही वित्तीय योजना बनती है
इमरजेंसी में इलाज में देरी नहीं होती
परिवार को वास्तविक लाभ मिलता है
सरकार का उद्देश्य अधिकतम कवरेज नहीं बल्कि समान और व्यावहारिक सुरक्षा देना है।













