ब्रेकिंग न्यूज़मौसमक्रिकेटऑटोमनोरंजनअपराधट्रेंडिंगकृषिलाइफस्टाइलराशिफलहरियाणा

Hindi Shayari: हिंदी पर शायरी: दिल को छूने वाले ये शेर, पढ़कर गर्व होगा!

On: September 14, 2025 5:56 AM
Follow Us:
Hindi Shayari: हिंदी पर शायरी: दिल को छूने वाले ये शेर, पढ़कर गर्व होगा!
Join WhatsApp Group

Hindi Shayari: Shayari on Hindi: These couplets touch your heart, you will feel proud after reading them!: नई दिल्ली: हिंदी सिर्फ एक भाषा नहीं, बल्कि हिंदुस्तान की आत्मा है। अमीर खुसरो से लेकर कुमार विश्वास तक, इस मधुर भाषा पर अनगिनत शायरों ने अपने दिल के जज्बात को शब्दों में पिरोया है।

हिंदी ने साहित्य की दुनिया को कविताओं, कहानियों, दोहों और शायरियों से सजाया है। यह भाषा भारत के 150 करोड़ लोगों के दिलों को जोड़ती है। आइए, हिंदी की शान में लिखी गई कुछ मशहूर शायरियों को पढ़ें और इसकी मिठास को महसूस करें।

क्या आप भी रंग देखकर खरीदते हैं दशहरी? जान लीजिए असली आम की पहचान वरना पछताएंगे
क्या आप भी रंग देखकर खरीदते हैं दशहरी? जान लीजिए असली आम की पहचान वरना पछताएंगे

हिंदी पर शायरी Hindi Shayari

लिपट जाता हूं मां से और मौसी मुस्कुराती है, मैं उर्दू में ग़ज़ल कहता हूं हिंदी मुस्कुराती है – मुनव्वर राना
साफ़-सुथरी ज़बान हिंदी है, खुश-बयानी की जान हिंदी है – चंद्रभान कैफ़ी देहल्वी
मिस्ल-ए-अंजुम उफ़ुक़-ए-क़ौम पे रौशन भी हुए, बुत-ए-हिंदी की मोहब्बत में बिरहमन भी हुए – अल्लामा इक़बाल
इंग्लिश अगर न आ सकी हिंदी तो सीख ली, उस शोख़ की निगाह में जाहिल नहीं रहा – हाशिम अज़ीमाबादी
मेरी उर्दू के सब बोल तिरे, तिरी हिंदी भाषा मोरी सजन – इंजील सहीफ़ा

हिंदी भाषा की शायरी

6. कोई किताब अपने ठिकाने न रह सकी, हिंदी को फ़ारसी में मिलाते चले गए – राजा मेहदी अली ख़ाँ
7. फ़र्क़ समझते हैं अब तक हिंदी सिंधी पंजाबी में, इन अक़्ल के पूरे लोगों से लड़ने की हिमाक़त कौन करे – अबुल फ़ितरत मीर ज़ैदी
8. तेग़ की हिंदी अगर तलवार है, फ़ारसी पगड़ी की भी दस्तार है – मिर्ज़ा ग़ालिब
9. सगी बहनों का जो रिश्ता है उर्दू और हिंदी में, कहीं दुनिया की दो ज़िंदा ज़बानों में नहीं मिलता – मुनव्वर राना

वजन कम करना है तो तरबूज को डाइट में करें शामिल, जानिए खाने का सही समय और तरीका
वजन कम करना है तो तरबूज को डाइट में करें शामिल, जानिए खाने का सही समय और तरीका

हिंदी दिवस पर शायरी

10. दिया ‘इक़बाल’ ने हिंदी मुसलमानों को सोज़ अपना, ये इक मर्द-ए-तन-आसाँ था तन-आसानों के काम आया – अल्लामा इक़बाल
11. हिंदी बोलूं आरसी आए, ‘ख़ुसरव’ कहे कोई न बताए – अमीर ख़ुसरो
12. हिंदी में और उर्दू में फ़र्क़ है तो इतना, वो ख़्वाब देखते हैं हम देखते हैं सपना – अज्ञात
13. कोई देखे तो मेरी नय-नवाज़ी, नफ़्स हिंदी मक़ाम-ए-नग़्मा ताज़ी! – अल्लामा इक़बाल
14. जब से बच्चों को पसंद आई हैं हिंदी फिल्में, मुझ को अब्बा नहीं कहते वो पिता कहते हैं – खालिद इरफ़ान
15. भारत प्यारा देश हमारा सब देशों से न्यारा है, मज़हब कुछ हो हिंदी हैं हम सारे भाई भाई हैं – हामिदुल्लाह अफ़सर

हिंदी की शान में शायरी

16. इस ने ज़बान-ए-‘मीर’ को हिंदी का रस दिया, उर्दू ग़ज़ल को इस ने नया कैनवस दिया – दिलावर फ़िगार
17. निफ़ाक़ ओ ग़फ़लत की आड़ ले कर जियेगा मुर्दा निज़ाम कब तक, रहेंगे हिंदी असीर कब तक रहेगा भारत ग़ुलाम कब तक – कैफ़ी आज़मी

छाछ या लस्सी: गर्मियों में सेहत के लिए क्या है सबसे ज्यादा फायदेमंद? जानें एक्सपर्ट्स की राय
छाछ या लस्सी: गर्मियों में सेहत के लिए क्या है सबसे ज्यादा फायदेमंद? जानें एक्सपर्ट्स की राय

18. मौज-ए-हवा को चूमता आया, मेरी ज़बां थी उर्दू, हिंदी – अली सरदार जाफ़री
19. इक ‘मीर’ था सो आज भी काग़ज़ में क़ैद है, हिंदी ग़ज़ल का दूसरा अवतार मैं ही हूँ – बशीर बद्र
20. अल-क़िस्सा अजीब ज़ीक़ में हैं हिंदी, यूरोप का ख़ुदा कहां पर जो हामी हो – अकबर इलाहाबादी
21. उर्दू हिंदी प्यारी बहनें, प्यार का गहना दोनों पहनें – जौहर रहमानी
हिंदी पर लिखे ये शेर बताते हैं कि यह भाषा सिर्फ शब्दों का समूह नहीं, बल्कि हमारी संस्कृति, पहचान और गर्व का प्रतीक है। यह हर हिंदुस्तानी के दिल को जोड़ने वाली मिठास है।

अमित गुप्ता

पत्रकारिता में पिछले 30 वर्षों का अनुभव। दैनिक भास्कर, अमर उजाला में पत्रकारिता की। दैनिक भास्कर में 20 वर्षों तक काम किया। अब अपने न्यूज पोर्टल हरियाणा न्यूज पोस्ट (Haryananewspost.com) पर बतौर संपादक काम कर रहा हूं। खबरों के साथ साथ हरियाणा के हर विषय पर पकड़। हरियाणा के खेत खलियान से राजनीति की चौपाल तक, हरियाणा सरकार की नीतियों के साथ साथ शहर के विकास की बात हो या हर विषयवस्तु पर लिखने की धाकड़ पकड़। म्हारा हरियाणा, जय हरियाणा।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now