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Rajnigandha flower farming: कम लागत में लाखों की कमाई, दिल्ली तक है जबरदस्त डिमांड

On: अगस्त 4, 2025 6:56 पूर्वाह्न
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Rajnigandha flower farming: कम लागत में लाखों की कमाई, दिल्ली तक है जबरदस्त डिमांड
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Rajnigandha flower farming: Earning lakhs at low cost, there is tremendous demand till Delhi: रजनीगंधा फूल की खेती (Rajnigandha flower farming) आज किसानों के लिए एक नया और लाभकारी विकल्प बन चुकी है। सहारनपुर के रवि सैनी ने पारंपरिक खेती को छोड़कर फूलों की खेती शुरू की और अब वे लाखों की कमाई कर रहे हैं। यह फूल दिल्ली की गाज़ीपुर मंडी में बिकता है, जहां इसकी भारी डिमांड है।

इस फूल की खासियत यह है कि एक बार खेत में लगाने के बाद यह तीन साल तक लगातार उत्पादन देता है। रोजाना इसकी तुड़ाई होती है और ₹20 से ₹1000 प्रति किलो तक बिकता है (Rajnigandha flower price)। इसकी खुशबू सेंडलवुड से भी बेहतर मानी जाती है और दूर से ही लोगों को आकर्षित करती है।

जैविक खेती से बेहतर परिणाम Rajnigandha flower farming

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रवि सैनी बताते हैं कि रजनीगंधा फूल की खेती में किसी भी तरह के केमिकल या फर्टिलाइज़र की जरूरत नहीं होती। सिर्फ गोबर खाद से ही यह फूल शानदार उत्पादन देता है (organic flower farming)। उन्होंने बताया कि अगर कोई किसान इसे पांच बीघा ज़मीन में लगाए तो रोजाना एक क्विंटल फूल आराम से निकल सकता है (flower farming business)।

दिसंबर से फरवरी के बीच इसकी रोपाई की जाती है और अगस्त से अक्टूबर के बीच यह बेहतरीन फूल देता है। इसकी खेती में मेहनत कम और मुनाफा ज्यादा है, जिससे यह किसानों के लिए एक आदर्श विकल्प बन गया है।

सजावट और शादी-ब्याह में भारी मांग

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रजनीगंधा फूल का उपयोग खासतौर पर महिलाओं के गजरे, घर की सजावट और शादी की वरमाला में किया जाता है (Rajnigandha flower uses)। इसकी मांग दिल्ली, नोएडा और आसपास के शहरों में लगातार बनी रहती है (Delhi flower mandi)। यही वजह है कि किसान इसे उगाकर सीधे मंडियों में भेजते हैं और अच्छा मुनाफा कमाते हैं।

रवि सैनी की कहानी उन किसानों के लिए प्रेरणा है जो पारंपरिक खेती में फंसे हुए हैं और बदलाव की तलाश में हैं। रजनीगंधा फूल की खेती न सिर्फ आर्थिक रूप से फायदेमंद है, बल्कि पर्यावरण के लिए भी सुरक्षित है।

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अमित गुप्ता

पत्रकारिता में पिछले 30 वर्षों का अनुभव। दैनिक भास्कर, अमर उजाला में पत्रकारिता की। दैनिक भास्कर में 20 वर्षों तक काम किया। अब अपने न्यूज पोर्टल हरियाणा न्यूज पोस्ट (Haryananewspost.com) पर बतौर संपादक काम कर रहा हूं। खबरों के साथ साथ हरियाणा के हर विषय पर पकड़। हरियाणा के खेत खलियान से राजनीति की चौपाल तक, हरियाणा सरकार की नीतियों के साथ साथ शहर के विकास की बात हो या हर विषयवस्तु पर लिखने की धाकड़ पकड़। म्हारा हरियाणा, जय हरियाणा।

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