Haryana Students will get scholarship from 1st to 8th class:
हरियाणा के सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों के लिए शिक्षा विभाग ने एक शानदार पहल शुरू की है। कक्षा पहली से आठवीं तक के छात्रों को अब छात्रवृत्ति, वर्दी, स्कूल बैग और स्टेशनरी भत्ते का लाभ मिलेगा। इस योजना का फायदा उठाने के लिए स्कूलों को पोर्टल पर जानकारी अपडेट करने के निर्देश दिए गए हैं। आइए, इस खबर को विस्तार से समझते हैं।
बच्चों के लिए नई उम्मीद: छात्रवृत्ति और भत्ते
हरियाणा शिक्षा विभाग ने स्कूली बच्चों के भविष्य को और बेहतर बनाने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। वर्ष 2025-26 के लिए शुरू की गई छात्रवृत्ति और प्रोत्साहन स्कीम के तहत कक्षा पहली से आठवीं तक के बच्चों को कई तरह के लाभ मिलेंगे। इसमें छात्रवृत्ति के साथ-साथ वर्दी, स्कूल बैग और स्टेशनरी के लिए भत्ता शामिल है। यह राशि हर तीन महीने में एक बार बच्चों के बैंक खातों में सीधे ट्रांसफर की जाएगी। यह योजना न केवल बच्चों की पढ़ाई को प्रोत्साहन देगी, बल्कि उनके परिवारों को भी आर्थिक सहायता प्रदान करेगी।
पोर्टल पर जानकारी अपडेट करना जरूरी
शिक्षा विभाग ने सभी सरकारी स्कूलों के मुखियाओं को सख्त निर्देश दिए हैं कि वे इस योजना का लाभ बच्चों तक पहुंचाने के लिए वन स्कूल एप पोर्टल पर जरूरी जानकारी अपलोड करें। इसमें छात्रों की फैमिली आईडी, बैंक खाता नंबर, बैंक का IFSC कोड और बैंक का नाम जैसी पूरी डिटेल्स शामिल होनी चाहिए। जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी वीरेंद्र मलिक ने बताया कि अगर जानकारी अधूरी रहती है, तो पात्र बच्चे इस योजना के लाभ से वंचित रह सकते हैं। इसलिए, स्कूलों को यह काम समय पर पूरा करना होगा ताकि बच्चों को बिना देरी के छात्रवृत्ति मिल सके।
नए छात्रों के लिए बैंक खाते
इस योजना को और प्रभावी बनाने के लिए शिक्षा विभाग ने एक और अहम कदम उठाया है। पहली कक्षा में दाखिला लेने वाले सभी बच्चों के बैंक खाते खुलवाए जाएंगे। यह प्रक्रिया स्कूल मुखियाओं की जिम्मेदारी होगी, और उन्हें इसे जल्द से जल्द पूरा करने के लिए कहा गया है। बैंक खातों के जरिए छात्रवृत्ति और अन्य भत्तों की राशि सीधे बच्चों के खातों में ट्रांसफर की जाएगी। यह कदम पारदर्शिता को बढ़ावा देगा और बच्चों को समय पर लाभ सुनिश्चित करेगा।
क्यों है यह योजना खास?
हरियाणा सरकार की यह पहल उन परिवारों के लिए वरदान साबित होगी, जिनके लिए स्कूल की वर्दी, बैग और स्टेशनरी जैसी चीजें खरीदना मुश्किल होता है। यह योजना बच्चों को स्कूल आने के लिए प्रेरित करेगी और उनकी पढ़ाई में मदद करेगी। साथ ही, डिजिटल पेमेंट सिस्टम (PFMS/DBT) के जरिए राशि ट्रांसफर करने से प्रक्रिया में पारदर्शिता बनी रहेगी। शिक्षा विभाग का यह प्रयास न केवल बच्चों के लिए, बल्कि पूरे समाज के लिए एक सकारात्मक बदलाव लाने की दिशा में बड़ा कदम है।
अभिभावकों के लिए सलाह
अगर आपका बच्चा हरियाणा के सरकारी स्कूल में पढ़ता है, तो अपने स्कूल से संपर्क करें और सुनिश्चित करें कि बच्चे की जानकारी पोर्टल पर सही तरीके से अपडेट हो। समय पर जानकारी अपलोड न होने से बच्चे इस योजना के लाभ से वंचित रह सकते हैं। इस योजना के बारे में ताजा अपडेट और अन्य जानकारी के लिए हमारी वेबसाइट पर बने रहें।













