Aaj ka Panchang 15 May 2025 vrishabh sankranti shubh muhurat: 15 मई 2025 का दिन धार्मिक और ज्योतिषीय दृष्टि से बेहद खास है। आज ज्येष्ठ माह की तृतीया तिथि और गुरुवार का दिन है, जो सूर्य की वृषभ संक्रांति (Vrishabh Sankranti) के साथ और भी महत्वपूर्ण हो जाता है। सूर्य आज मेष राशि को छोड़कर वृषभ राशि में प्रवेश करेंगे, जो जीवन में स्थिरता और समृद्धि का प्रतीक माना जाता है। आइए, आज के पंचांग (Panchang) के माध्यम से जानते हैं कि यह दिन आपके लिए क्या लेकर आया है और कैसे आप इसे और अधिक शुभ बना सकते हैं।
सूर्य की वृषभ संक्रांति क्या है इसका महत्व?
सूर्य का राशि परिवर्तन ज्योतिष में एक महत्वपूर्ण घटना है। वृषभ संक्रांति (Vrishabh Sankranti) का समय धन, समृद्धि और स्थिरता से जुड़ा होता है। यह समय नई शुरुआत, निवेश, और दीर्घकालिक योजनाओं के लिए शुभ माना जाता है। आज सूर्योदय सुबह 5:30 बजे होगा, जबकि सूर्यास्त शाम 7:05 बजे होगा। इस दौरान शिव पूजन और श्री विष्णुसहस्त्रनाम का पाठ करना विशेष रूप से फलदायी रहेगा। ज्येष्ठ माह की गर्मी में जल दान और पथिकों के लिए पानी की व्यवस्था करना भी पुण्यकारी माना गया है।
आज का शुभ मुहूर्त
हर दिन के कुछ विशेष समय होते हैं, जो कार्यों को शुरू करने या पूजा-पाठ के लिए अत्यंत शुभ माने जाते हैं। आज के शुभ मुहूर्त (Shubh Muhurat) इस प्रकार हैं:
अभिजीत मुहूर्त: दोपहर 11:52 से 12:44 बजे तक। यह समय नए कार्य शुरू करने के लिए आदर्श है।
विजय मुहूर्त: दोपहर 2:21 से 3:26 बजे तक। इस समय में किए गए कार्यों में सफलता की संभावना अधिक रहती है।
गोधुली मुहूर्त: शाम 6:23 से 7:22 बजे तक। यह समय पूजा और परिवार के साथ समय बिताने के लिए शुभ है।
ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 4:05 से 5:06 बजे तक। ध्यान और अध्यात्म के लिए यह समय उत्तम है।
संध्या पूजन: शाम 6:21 से 7:09 बजे तक। इस दौरान शिव या विष्णु पूजा करना लाभकारी रहेगा।
राहुकाल दोपहर 1:30 से 3:00 बजे तक रहेगा, इस समय कोई भी महत्वपूर्ण कार्य शुरू करने से बचें। साथ ही, दक्षिण दिशा में यात्रा करने से बचें, क्योंकि आज दिशा शूल (Disha Shool) इसी दिशा में है।
ज्येष्ठ माह में दान-पुण्य का महत्व
ज्येष्ठ माह गर्मी का प्रतीक है, और इस समय दान-पुण्य का विशेष महत्व है। घर के बाहर पथिकों के लिए जल की व्यवस्था करना, पक्षियों को दाना-पानी देना, और गाय को पालक व गुड़ खिलाना पुण्यकारी माना जाता है। गुरुवार के दिन पीपल के वृक्ष को दूध और जल अर्पित करने से जीवन में सुख-समृद्धि आती है। इसके अलावा, “ॐ नमो भगवते वासुदेवायः” मंत्र का जाप करने से मन को शांति और सकारात्मकता मिलती है।
क्या करें और क्या न करें?
आज का दिन सात्विक और निर्मल मन के साथ बिताएं। घर की छत पर पक्षियों के लिए पानी और दाना रखें। गर्मी में गुड़, जल, और सप्त अन्न का दान करें। किसी के प्रति कटु वचन बोलने से बचें, क्योंकि इससे वाणी की शुद्धता प्रभावित हो सकती है। सूर्य की वृषभ संक्रांति (Vrishabh Sankranti) के इस विशेष दिन पर सकारात्मकता और शांति को अपनाएं।
Aaj ka Panchang 15 May 2025: आज का पंचांग एक नजर में
संवत: विक्रम संवत 2082
माह: ज्येष्ठ, कृष्ण पक्ष
तिथि: तृतीया
नक्षत्र: ज्येष्ठा (दोपहर 2:09 तक), फिर मूल
चंद्र राशि: वृश्चिक (शाम 2:09 तक), फिर धनु
सूर्य राशि: वृषभ
करण: वणिज (दोपहर 3:21 तक), फिर विष्टि
योग: शिव
15 मई 2025 का दिन सूर्य की वृषभ संक्रांति और ज्येष्ठ माह की तृतीया तिथि के साथ धार्मिक और ज्योतिषीय महत्व से भरा है। शुभ मुहूर्त (Shubh Muhurat) का लाभ उठाकर अपने कार्यों को सफल बनाएं और दान-पुण्य के माध्यम से जीवन में सकारात्मकता लाएं। यह दिन आपके लिए नई शुरुआत और आध्यात्मिक उन्नति का अवसर लेकर आया है।













